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Wednesday, August 12, 2020

कोरोना वायरस - जहां संक्रमण होने का ज्यादा खतरा, वहां सीएम ने टेस्टिंग बढ़ाने के निर्देश दिए #Bharat_Media

Corona virus - where there is a high risk of infection, CM instructs to increase testing - Jaipur News in Hindi
जोधपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि विगत कुछ दिनों में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़े हैं। इसे देखते हुए जोधपुर सहित प्रदेशभर में उन क्षेत्रों में टेस्टिंग बढ़ाई जाए जहां संक्रमण का खतरा ज्यादा होने की आशंका है। टेस्टिंग को फोकस्ड करके हम संक्रमण का फैलाव रोकने में कामयाब हो सकेंगे। उन्होंने कहा कि हमारी सजगता और सतर्कता ही इस लड़ाई के अचूक हथियार हैं।
गहलोत बुधवार को जोधपुर में वीडियो कॉफ्रेंस के माध्यम से कोरोना संक्रमण की स्थिति की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जिन देशों ने कोरोना को लेकर लापरवाही बरती वहां हालात बिगड़ गए और जहां सजगता से इसका सामना किया गया वहां मृत्यु दर कम रही। राजस्थान ऐसा प्रदेश है जो इस लड़ाई को पूरी सतर्कता के साथ लड़ रहा है। इसी का परिणाम है कि यहां कोरोना से मृत्यु दर राष्ट्रीय औसत के मुकाबले काफी कम है। जुलाई माह मंे तो यह एक प्रतिशत से भी कम रही।
उन्होंने कहा कि कोरोना का खतरा अभी कम नहीं हुआ है। मास्क लगाने, सोशल डिस्टेंसिंग रखने सहित अन्य हैल्थ प्रोटोकॉल की पूरी गम्भीरता के साथ पालना सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के कारण अर्थव्यवस्था को जो बड़ा नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई के लिए हमें दोगुने जोश के साथ जुटना होगा।
एम्स जैसे संस्थानों की स्थापना दूरगामी सोच के साथ हुई
गहलोत ने कहा कि एम्स जैसे संस्थानों की स्थापना इस दूरदर्शी सोच के साथ की गई है, जिससे केवल एक शहर या सीमित क्षेत्र को नहीं बल्कि बड़े स्तर पर लोगों को इसका लाभ मिले। कोरोना जैसी महामारी से निपटने में भी ऐसे संस्थानों की विशेष भूमिका होती है। जोधपुर एम्स भी इसी दूरगामी सोच के साथ कोरोना जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए खुद को तैयार करे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस समय प्रदेश में कोरोना ने दस्तक दी, इस महामारी का सामना करने के लिए हमारे पास न तो अनुभव था और न पर्याप्त संसाधन थे, लेकिन हमने बहुत कम समय में पूरी सूझबूझ और माइक्रो मेनेजमंेट के साथ मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाया है। जहां मार्च माह में हमारी टेस्टिंग केपेसिटी शून्य थी, आज वह बढकर 47 हजार पर पहंुच गई है।
जोधपुर कलेक्टर इंद्रजीत सिंह ने अपने प्रस्तुतीकरण में बताया कि प्रति 10 लाख की जनसंख्या पर जांच के मामले में जोधपुर देश में सबसे आगे है। यहां प्रति मिलियन आबादी पर 1.94 लाख टेस्ट हुए हैं। अब तक 2 लाख 75 हजार टेस्ट किये जा चुके हैं। मृत्यु दर को नियंत्रित करने में भी हम कामयाब रहे हैं। उन्होंने कहा कि मिशन जीवन रक्षा के तहत जिले में हाई रिस्क व्यक्तियों को 2700 पल्स ऑक्सीमीटर उपलब्ध करा चुके हैं।
जोधपुर एम्स के निदेशक डॉ. संजीव मिश्रा ने एम्स में कोरोना रोगियों के लिए उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सरकारी एवं निजी अस्पतलों के चिकित्सों एवं नर्सिंग कर्मियों को कोविड-19 की रोकथाम के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. जी एल मीणा ने बताया कि जिले में प्लाज्मा डोनेशन का कार्य प्रभावी तरीके से किया जा रहा है। अब तक 44 यूनिट प्लाज्मा लिया जा चुका है और 17 यूनिट दिया जा चुका है। वीडियों कॉफ्रेंस के दौरान संभागीय आयुक्त डॉ. समित शर्मा, सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।




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